|
|
लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने आम आदमी पार्टी के सांसद भगवंत मान द्वारा संसद परिसर की वीडियोग्राफी करने के मामले में जांच कर रही नौ सदस्यीय समिति का कार्यकाल दो सप्ताह के लिए बढ़ा दिया है और भगवंत मान को समिति का निर्णय आने तक सदन की कार्यवाही में शामिल नहीं होने की सलाह दी है |
बता दें कि भगवंत मान के बनाए वीडियो की जांच के लिए किरीट सोमैया की अध्यक्षता में लोकसभा के 9 सदस्यों की जांच समिति बनायी गई है। जिनके निष्कर्ष के आधार पर भगवंत मान के खिलाफ फैसला लिया जाना है। अब इस पैनल को अपनी रिपोर्ट देने के लिए 2 हफ्ते का और समय दिया गया है, हालांकि सुमित्रा महाजन ने यह भी कहा कि जब तक संसद किसी फैसले पर नहीं पहुंच जाती है तब तक भगवंत मान लोकसभा न आएं।
इस बीच कुछ सांसदों ने लोकसभा स्पीकर को चिट्ठी लिखकर आम आदमी पार्टी के सांसद भगवंत मान की नशे की लत छुड़ाने के लिए पुनर्वास केन्द्र भेजेने की मांग की है | चिट्ठी लिखने वाले सांसदों में प्रेम सिंह चंदूमाजरा, महेश गिरि और हरिंदर खालसा शामिल हैं |
क्या है मामला
भगवंत मान ने संसद परिसर की सुरक्षा से संबंधित एक वीडियो बनाया था। जिसे बाद में वे अपने फेसबुक पेज पर अपलोड कर दिया था। इस वीडियो में संसद भवन की बेहद गोपनीय सुरक्षा का खुलासा किया गया है। देश के नागरिक और जनता का चुना हुआ नुमांइदा होने के नाते किसी को भी इस तरह का वीडियो सोशल मीडिया पर अपलोड करने की इजाजत नहीं है।
|